“कलम साक्षी: निष्पक्षता की कसौटी, सच्चाई की आवाज़”

पत्रकारिता केवल एक पेशा नहीं, बल्कि एक जुनून और राष्ट्र सेवा का माध्यम है। जैसा कि कहा गया है— “पत्रकारिता एक ऐसा नशा है, जिसे एक बार चढ़ जाए तो उतरने का नाम नहीं लेता।” इसी ध्येय और ऊर्जा के साथ कलम साक्षी समाचार जगत में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाए हुए है।

हमारी प्रेरणा और यात्रा

कलम साक्षी की नींव रायपुर के निवासी और वरिष्ठ पत्रकार, सम्माननीय दिनेश सोनी जी के मार्गदर्शन और सानिध्य में रखी गई। उनके अनुभवों से मिली प्रेरणा और पत्रकारिता के प्रति अटूट निष्ठा का ही परिणाम है कि वर्ष 2016 में भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय (नई दिल्ली) द्वारा इस शीर्षक का आवंटन हुआ।

एक साप्ताहिक समाचार पत्र के रूप में शुरू हुआ यह सफर चुनौतियों भरा रहा, लेकिन हमारा मानना है कि— “सोना आग में तपकर ही कुंदन बनता है”। उन्हीं चुनौतियों ने हमें और अधिक मजबूत और प्रखर बनाया।

प्रिंट से डिजिटल का सफर

समय निरंतर परिवर्तनशील है और बदलाव को स्वीकार करना ही विकास की निशानी है। आज के इस तीव्र युग में समाचारों की सत्यता और गति दोनों का महत्व है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए, हमने प्रिंट मीडिया के अपने गौरवशाली इतिहास को अब डिजिटल मीडिया के आधुनिक स्वरूप में विस्तार दिया है।

अब “कलम साक्षी” अपने वेब संस्करण (News Portal) के माध्यम से आप तक पल-पल की खबरें, विश्लेषण और जमीनी हकीकत पहुँचाने के लिए पूरी तरह तत्पर है।

हमारा लक्ष्य

हमारा उद्देश्य केवल समाचार पहुँचाना नहीं, बल्कि समाज के हर उस पहलू को उजागर करना है जो दब गया है। हम निष्पक्ष, निर्भीक और उत्तरदायी पत्रकारिता के मूल्यों को जीवित रखने के लिए संकल्पित हैं।

सम्पादकीय टीम

मो० मुस्ताक

(सम्पादक, कलम साक्षी)

वर्षों का अनुभव और सच्चाई के प्रति प्रतिबद्धता ही हमारी टीम की सबसे बड़ी ताकत है।


हमसे जुड़ें: यदि आपके पास कोई सुझाव है या आप हमें कोई सूचना देना चाहते हैं, तो बेझिझक हमसे संपर्क करें। आपकी आवाज़ ही हमारी प्रेरणा है।